“त्योहार, परम्परा भी, ट्रेंड भी” टॉक शो, शिल्पी फाउंडेशन ने की पहल
10 सितंबर, 2025 जयपुर। राजस्थान की सांस्कृतिक धरोहर और बदलते सामाजिक परिदृश्य पर चर्चा के उद्देश्य से शिल्पी फाउंडेशन द्वारा राजा पार्क स्थित पिंक कैफ़े में “त्योहार : परम्परा भी, ट्रेंड भी (सीज़न-1)” शीर्षक से एक विशेष टॉक शो का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में समाज, संस्कृति और मीडिया से जुड़े कई प्रतिष्ठित वक्ताओं ने भाग लिया।
मुख्य वक्ताओं में पूर्व महापौर ज्योति खंडेलवाल, आकाशवाणी की डायरेक्टर रेशमा खान, वरिष्ठ पत्रकार मणिमाला शर्मा, शिक्षाविद् स्नेहलता भारद्वाज, समाजसेवी रिज़वान एजाजी, प्रो. डॉ. शालिनी माथुर , समाजसेवी हीरालाल सैनी और लेखिका आसमा नाज़ शामिल रहीं।
शिल्पी फाउंडेशन की अध्यक्ष एवं कार्यक्रम संयोजक शिल्पी अग्रवाल ने बताया कि इस आयोजन का उद्देश्य त्योहारों की परंपरा और आधुनिक ट्रेंड के बीच संतुलन पर विमर्श करना था ताकि नई पीढ़ी को सांस्कृतिक जुड़ाव का मार्ग मिले।
इस अवसर पर वक्ताओं ने अपने विचार साझा किए—
मणिमाला शर्मा ने विचार रखे कि, “कोई भी रीति और रिवाज जब तक हम स्वयं अपने जीवन में नहीं अपनाएँगे, तब तक नई पीढ़ी भी उसे नहीं सीख पाएगी।
ज्योति खंडेलवाल ने कहा, “हमारे परिवार ढाई सौ साल से जयपुर में रह रहे हैं और इस पूरे समय से परंपरा व त्योहारों को रीति-रिवाजों के साथ निभा रहे हैं।”
रेशमा खान ने कहा, “त्योहारों की खूबसूरती धर्म से नहीं बल्कि उसे सेलिब्रेट करने के तरीके से है।”
डॉ. रतन शर्मा का कहना था, “नई पीढ़ी अपने तरीके और ट्रेंड से त्योहार मनाना चाहती है और यही तरीका परंपरा से उन्हें जोड़ता है।”
टॉक शो में श्रोताओं ने भी उत्साहपूर्वक भाग लिया और परंपरा व आधुनिकता के संतुलन पर विचार-विमर्श को सराहा। कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ।

