Breaking News

होली एवं शब-ए-बरात को लेकर जयपुर पुलिस ने कसी कमर

16 मार्च, 22 जयपुर। आज जयपुर पुलिस आयुक्त श्री आनंद श्रीवास्तव ने जयपुर वासियों को दी होली की शुभकामनाएं, साथ ही गंगा-जमुनी तहजीब को बरकरार रखने और मिलजुल कर त्योहारों को मनाने की बात कही जिससे शांति व्यवस्था बनी रहे।प्रभावी पुलिस व्यवस्था के साथ ही ड्रोन व सीसीटीवी यानी तीसरी आंख से भी की जाएगी निगरानी। सड़क पर हुड़दंग किया तो हवालात में मनेगी होली, भूलकर भी न करें ये गलती।

अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त एवं नोडल अधिकारी निर्भया स्क्वायड सुनीता मीना ने प्रदेशवासियों को होली की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि महिलाओं एवं बालिकाओं को बिना उनकी सहमति के रंग ना लगाएं
जोर जबरदस्ती ना करें।

1. पानी की जगह गुलाल से होली खेले।
2. किसी के ऊपर पानी के गुब्बारे ना फेंके।
3. विशेष रुप से मोटरसाइकिल साइकिल इत्यादि दो पहिया वाहन पर चलने वाले लोगों पर गुलाल व गुब्बारे ना फेंके।
4. नशा ना करें।
5. लड़का हो या लड़की किसी के भी कपड़े ना फाड़े
दो पहिया वाहन पर हेलमेट लगाकर ही निकले दो से ज्यादा व्यक्ति ना बैठे।
6. साथ ही 4 पहिया वाहन में भी निर्धारित सीट से अधिक व्यक्ति ना बैठे।
7. बुरा ना मानो होली कहकर भद्दे कमेंट या टिप्पणी ना करें।

यह सब अपराध की श्रेणी में आता है। याद रखें पुलिस की होली अगले दिन आती है आपकी होली के दिन हम लोग चप्पे-चप्पे पर तैनात रहेंगे। किसी भी गलती करने वाले को बक्शा नहीं जाएगा। महिलाओं के साथ एवं बालिकाओं के साथ अभद्रता से पेश आने वाले व्यक्तियों के खिलाफ जीरो टोलरेंस की नीति अपनाई जाएगी एवं सख्त कार्रवाई की जाएगी। हम लोग सादा वर्दी में भी निगरानी कर रहे हैं।

रोज की तुलना में 4 गुना ज्यादा पुलिस वाले आपको सड़कों पर नजर आएंगे गलती से गलती ना करें त्यौहार को त्यौहार की तरह भाई चारे के साथ एवं प्यार व स्नेह के साथ मनाएं रंगों का यह त्यौहार आप सबके जीवन में ढेर सारी रंगीन खुशियां लाए हम पुलिस वाले भी आपके लिए यही दुआ करते हैं आप लोग तरीके से होली मनाएंगे तो हम पुलिस वाले भी खुश रहेंगे।

हमारे भारत मैं हमेशा से ही विविधता में एकता रही है सभी धार्मिक परंपरा को सभी साथ में निभाते हैं इसी क्रम में शब ए बारात के दिन भी हम सब लोग मिलकर अल्लाह से इबादत करें देश की खुशहाली की कामना करें एवं अपने पुरखों के लिए दुआ मांगे।

हर धर्म का सम्मान हमारी विशेषता है हमारी गंगा जमुनी तहजीब को अपनाते हुए धार्मिक सौहार्द के साथ मिलकर होली व शब ए बारात को निभाए।

अतिरिक्त पुलिस आयुक्त श्री हैदर अली जैदी ने कहा कि
शब-ए-बारात का अर्थ है शब यानी रात और बारात यानी बरी होना। शब-ए-बारात का रात को इस दुनिया को छोड़कर जाने वाले अपने पूर्वजों की कब्रों में रोशनी और उनके लिए दुआ मागी जाती है।

अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त सुनीता मीना ने कहा कि इस्लामिक मान्यता के अनुसार इस रात को अल्लाह अपने चाहने वालों को हिसाब-किताब रखने के लिए आते हैं। इस दिन जो भी सच्चे मन से अल्लाह से अपने गुनाहों के लिए माफी मांगते हैं अल्लाह उनके लिए जन्नत के दरवाजे खोल देता है। आइए हम सब मिलकर अपने देश की तरक्की के लिए समृद्धि के लिए सौहार्द पूर्ण वातावरण के लिए दुआ मांगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!